फिल्मची

हमारे समय का सबसे रंगहीन दृश्य -स्वाहा In the Name of Fire

स्वाहा – In the Name of Fire" अभिलाष शर्मा की स्वतंत्र मगही फिल्म है जो दलित विमर्श, लिंचिंग, अंधविश्वास और ग्रामीण सामाजिक बहिष्कार को संवेदनशीलता से चित्रित करती है।निर्देशक अभिलाष शर्मा की स्वतंत्र...

Elementor #398

‘अनोरा’ पाँच ऑस्कर और कान्स पुरस्कार लेकर पूरी दुनिया जीत चुकी है, मगर अनोरा’ देखने के बाद मेरे मन में खालीपन और असंतोष उत्पन्न हुआ, ऐसा असंतोष – जो तब उपजता है , जब कोई फिल्म...

सारा आकाश: बासु चटर्जी की सिनेमा का विरोधाभास

बासु चटर्जी को साधारण मध्यमवर्गीय जीवन का सहज फिल्म निर्देशक माना जाता है और उनकी पहली फिल्म “सारा आकाश” (1969) को इसका उदाहरण माना जाता है, मगर बासु चटर्जी के निर्देशन और फिल्मों का एक...

Nine Sins of Ali Abbas Zafar: Bloody Daddy Review | Shahid Kapoor

 In the world of spices, we have MDH masala, and in the realm of cinema, we have Bollywood masala films. Now, let’s talk about our beloved filmmaker, Ali Abbas Zafar, who has gifted us with...

शार्ट फिल्म

फिल्म समीक्षा